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ठंड के मौसम में हम में से अधिकतर लोग खाने में मसालों का सेवन बढ़ा देते हैं. इसके पीछे का तर्क ये है कि मसाले शरीर को गर्म रखते हैं. खड़े मसालों की तासीर गर्म होती है, ऐसे में ये शरीर को गर्म रखने का काम करते हैं. आयुर्वेद में खड़े मसाले जैसे दालचीनी, लौंग, काली मिर्च, इलायची और अदरक जैसे साबुत मसालों को औषधीय के रूप में इस्तेमाल किया जाता है. ये मसाले न सिर्फ पाचन तंत्र को बेहतर बनाते हैं बल्कि सर्दी, खांसी और फ्लू जैसी समस्याओं से भी बचाते हैं. जहां दालचीनी और अदरक ब्लड फ्लो को बढ़ाकर शरीर को अंदर से गर्म रखती है तो वहीं काली मिर्च और लौंग गले की खराश को कम करने और बैक्टीरिया से बचाने में मदद करती है. इलायची की बात करें तो ये न सिर्फ खुशबू देती है बल्कि पाचन क्रिया को भी दुरुस्त रखती है. इन मसालों से बनी ड्रिंक्स जैसे काढ़ा या मसाला चाय का सेवन सर्दियों में खूब किया जाता है.
इसके साथ साथ सर्दियों में इन मसालों का इस्तेमाल कई व्यंजनों और गर्माहट लाने के लिए किया जाता है. इनका नियमित सेवन करने से शरीर ठंड के दुष्प्रभाव से बचा रहता है और शरीर में ऊर्जा बनी रहती है, हालांकि जहां साबुत मसाले शरीर को गर्म रखने का काम करते हैं, वहीं सर्दी के दौरान इनका अधिक सेवन शरीर को नुकसान पहुंचा सकता है. आइए जानते हैं मसालों के अधिक सेवन से शरीर को क्या नुकसान होते हैं.
हम में से अधिकतर लोद सर्दियों में साबुत मसालों का अधिक सेवन करते हैं, जिसका प्रभाव सीधा हमारे पाचन तंत्र पड़ता है और इसको नुकसान पहुंचाता है. काली मिर्च और लौंग जैसे मसालों का स्वाद तीखा होता है. इससे पाचन शक्ति बढ़ सकती है. इससे अपच, गैस और पेट में जलन हो सकती है. खासकर जिन लोगों की पाचन शक्ति कमजोर है उन्हें इन मसालों का सेवन संतुलित मात्रा में करना चाहिए.
अदरक और दालचीनी जैसे साबुत मसाले शरीर में अधिक गर्मी पैदा करने का काम करते हैं. अत्यधिक गर्मी से त्वचा पर चकत्ते, खुजली या पसीने की शिकायत हो सकती है. अगर किसी के शरीर का तापमान पहले से ही गर्म है तो बहुत अधिक साबुत मसालों का सेवन करने से त्वचा संबंधी रोग हो सकते हैं.
अगर गर्भवती महिलाएं साबुत मसालों का अधिक सेवन करती हैं तो उन्हें गैस या अपच जैसी पेट संबंधी समस्याएं हो सकती हैं. सर्दियों में साबुत मसालों का अधिक सेवन गर्भावस्था में हानिकारक हो सकता है.
दालचीनी और काली मिर्च जैसे मसाले ब्लड फ्लो बढ़ाते हैं. इनका अधिक इस्तेमाल हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए हानिकारक साबित हो सकता है. ये दिल पर दबाव डाल सकते हैं और दिल की धड़कन बढ़ा सकते हैं, जिससे सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है.
कुछ लोगों को साबुत मसालों से एलर्जी हो सकती है. अदरक, दालचीनी और इलायची के अत्यधिक सेवन से गले में खराश, त्वचा पर चकत्ते या सांस लेने में समस्या हो सकती है. इसलिए अगर एलर्जी की आशंका हो तो इन मसालों का सेवन कम मात्रा में ही करना चाहिए.
नोट: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है. इसे केवल सुझाव के तौर पर लें. इस तरह की किसी भी जानकारी पर अमल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें