सोना क्यों बना RBI का सुरक्षित निवेश, गिरती कीमतों के बावजूद क्यों बढ़ी खरीदारी? | Explained

गिरती सोने की कीमतों के बावजूद, RBI ने अपनी सोने की खरीदारी बढ़ा दी है. यह रणनीतिक कदम भंडार में विविधता लाने, आर्थिक अस्थिरताओं से सुरक्षा और रुपये को वैश्विक उतार-चढ़ाव से बचाने में मदद करता है.

Updated: December 13, 2024 3:03 PM IST

By Manoj Yadav

सोना क्यों बना RBI का सुरक्षित निवेश, गिरती कीमतों के बावजूद क्यों बढ़ी खरीदारी? | Explained

सोने की कीमतों में एक बार फिर गिरावट आई है, लेकिन इस बीच भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने कई टन सोना खरीदा है. यह कदम केंद्रीय बैंक के लिए काफी रणनीतिक महत्व रखता है. तो, क्यों सोने में निवेश कर रहा है RBI और भविष्य में सोने की कीमतों का क्या असर होगा? आइए जानते हैं.

सोने की कीमतों में गिरावट

13 दिसंबर 2024 तक सोने की कीमत ₹77,969 प्रति 10 ग्राम तक गिर गई. यह गिरावट 1.31% की रही, जिसका कारण अमेरिका में आई आर्थिक डेटा में सुधार था. अच्छे आंकड़ों के बाद ब्याज दरों में कमी की संभावना बढ़ गई है, और 18 दिसंबर को 0.25% की कटौती हो सकती है. दुनियाभर के सर्वे में 98% लोग इस बात से सहमत हैं. हालांकि, भारत में सोने की कीमतों में स्थिरता बनी हुई है. दिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत ₹78,783 प्रति 10 ग्राम रही, जबकि मुंबई में यह ₹78,637 प्रति 10 ग्राम रही.

अक्टूबर में भारत की सोने की खरीदारी

भारत ने अक्टूबर में 27 टन सोना खरीदा, जो केंद्रीय बैंकों द्वारा की गई कुल 60 टन की खरीदारी में शामिल था. यह आंकड़ा 2024 के लिए सबसे बड़ा है और भारत ने पिछले साल की तुलना में 5 गुना ज्यादा सोना खरीदा. तुर्की और पोलैंड जैसे देश भी अपनी सोने की खरीदारी को बढ़ा रहे हैं.

RBI का सोने में निवेश का कारण

RBI के द्वारा सोने की खरीदारी कई कारणों से महत्वपूर्ण है. सोने को अपनी भंडार में शामिल करने के पीछे कुछ खास कारण होते हैं:

विदेशी मुद्रा भंडार में विविधता

RBI के पास मुख्य रूप से डॉलर, यूरो जैसी विदेशी मुद्राओं में भंडार होते हैं. सोने में निवेश करने से रुपये को वैश्विक उतार-चढ़ाव से बचाने में मदद मिलती है. इससे भारत के भंडार में स्थिरता आती है.

आर्थिक और जियोपॉलिटिकल अस्थिरता से सुरक्षा

ग्लोबल बाजार में अनिश्चितता और संकट के दौरान सोने की कीमतें बढ़ती हैं. ऐसे समय में सोना एक सुरक्षित निवेश विकल्प के रूप में काम करता है, जो संकट के समय भारतीय रिजर्व बैंक के भंडार को बचाता है.

भविष्य में क्या होगा?

सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव आते रहेंगे, लेकिन RBI का सोने में निवेश यह दर्शाता है कि वह भविष्य के आर्थिक संकटों से बचने के लिए तैयार है. जब तक वैश्विक अनिश्चितताएं बनी रहेंगी, सोना एक सुरक्षित निवेश रहेगा.

इसलिए, सोने में निवेश करना एक समझदारी भरा कदम साबित हो सकता है, खासकर जब केंद्रीय बैंक भी इसे अपनी रणनीति का हिस्सा बना रहे हैं.

Also Read:

ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. India.Com पर विस्तार से पढ़ें Business Hindi की और अन्य ताजा-तरीन खबरें

By clicking “Accept All Cookies”, you agree to the storing of cookies on your device to enhance site navigation, analyze site usage, and assist in our marketing efforts Cookies Policy.