43 घंटे से बोरवेल में फंसा है 5 साल का आर्यन ,सुरंग बनाकर बच्चे को निकालने की जद्दोजहद जारी

राजस्थान के दौसा में सोमवार (9 दिसंबर) को एक पांच साल का बच्चा डेढ़ सौ फीट गहरे बोरवेल में जा गिरा. इस हादसे के 43 घंटे बाद तक अभी तक बच्चे को निकाला नहीं जा सका है.वहीं NDRF लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन में लगी हुई है.

Published: December 11, 2024 12:28 PM IST

By Shivani sharma

43 घंटे से बोरवेल में फंसा है 5 साल का आर्यन ,सुरंग बनाकर बच्चे को निकालने की जद्दोजहद जारी

Rajasthan:  राजस्थान के दौसा जिले में एक पांच साल का मासूम आर्यन गांव के खेत के बोरवेल में जा गिरा. डेढ़ सौ फीट गहरा बोरवेल में ये बच्चा करीब 43 घंटे से वहीं फंसा हुआ है.  अभी तक एनडीआरएफ की टीम आर्यन को बोरवेल से बाहर नहीं निकाल पाई है. हालांकि पिछले 43 घंटे से लगातार यहां रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है.

जानकारी के मुताबिक अब एनडीआरएफ की टीम पीलिंग मशीन की मदद से सुरंग करके आर्यन को बाहर लाने की कोशिश में जुटी हुई है. माना जा रहा है कि आर्यन को बोरवेल से बाहर निकालने में अभी करीब 3 से 4 घंटे का समय और लग सकता है.  इस मामले को लेकर दौसा जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने बताया कि लगभग रात को 3:30 बजे के आसपास पीलिंग मशीन लगाकर बोरवेल के नजदीक खुदाई का काम शुरू कर दिया गया था.

#WATCH दौसा, राजस्थान: दौसा में बोरवेल में गिरे 5 वर्षीय बच्चे को बाहर निकालने के लिए बचाव अभियान जारी है। pic.twitter.com/3VhuLuknHt

— ANI_HindiNews (@AHindinews) December 11, 2024

CCTV कैमरे से रखी जा रही है आर्यन पर नजर

इस घटना को लेकर जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने कहा कि कैमरे में बच्चा बेहोशी की अवस्था में नजर आ रहा है. बच्चे की सीसीटीवी के जरिए निगरानी की जा रही है. आर्यन के बाहर आने के बाद ही उसके स्वास्थ्य के बारे में कुछ कह पाना संभव हो पाएगा.

कैसे हुआ हादसा?

सोमवार (9 दिसंबर) को दोपहर बाद करीब 3:30 बजे आर्यन अपनी मां के साथ खेत पर गया था. एक तरफ जहां मां काम करने में लगी थी. सभी आर्यन अचानक  खेलते-खेलते बोरवेल में गिर गया. तभी से रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है.

                                                                                    (Source – IANS)

Also Read:

ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. India.Com पर विस्तार से पढ़ें India Hindi की और अन्य ताजा-तरीन खबरें

By clicking “Accept All Cookies”, you agree to the storing of cookies on your device to enhance site navigation, analyze site usage, and assist in our marketing efforts Cookies Policy.